पत्थलगांव/कांसाबेल। जनसेवा के पथ पर अडिग, संघर्षों से गढ़ी पहचा जशपुर के माटी पुत्र जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय का जन्मदिन 21 अप्रैल को पूरे क्षेत्र में उत्साह और उमंग के साथ मनाया जाएगा। कार्यकर्ताओं में जोश ऐसा कि गांव-गांव में तैयारियां तेज, हर दिल में एक ही अरमान अपने लोकप्रिय नेता “बबलू साय” का जन्मदिन बने खास और यादगार।

कांसाबेल के ग्राम पोंगरो की माटी से उठकर जनसेवा के शिखर तक पहुंचे सालिक साय आज आदिवासी समाज के मजबूत स्तंभ बन चुके हैं। बचपन की कठिनाइयों, मां के साये के बिना जीवन और संघर्षों की तपिश ने उन्हें और मजबूत बनाया। बहनों के स्नेह और अपने हौसलों के दम पर उन्होंने हर मुश्किल को मात दी।
पान दुकान से लेकर ड्राइविंग तक का सफर तय करने वाले सालिक साय ने मेहनत को अपना हथियार बनाया और राजनीति में अपनी अलग पहचान गढ़ी। पिछले दो दशकों से भाजपा संगठन को मजबूत करने में उनका योगदान निरंतर जारी है। बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं को जोड़ने और हर मोर्चे पर सक्रिय रहने की उनकी शैली ने उन्हें जन-जन का नेता बना दिया।

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से शुरू हुई उनकी राजनीतिक यात्रा आज भाजपा अनुसूचित जनजाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष और जिला पंचायत अध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पदों तक पहुंच चुकी है। वर्ष 2023 के चुनाव में भी उनकी रणनीति और नेतृत्व ने पार्टी को मजबूती प्रदान की। आज जनता के प्यार और आशीर्वाद ने सालिक साय को जशपुर जिला के जिला पंचायत अध्यक्ष के पद पर सुशोभित किया है।
आज वे सिर्फ एक नेता नहीं, बल्कि संघर्ष, समर्पण और सेवा की जीवंत मिसाल हैं।
21 अप्रैल को उनका जन्मदिन सिर्फ एक तिथि नहीं, बल्कि जनसेवा के इस सफर का उत्सव बनेगा जहां कार्यकर्ताओं का उत्साह और जनता का स्नेह खुलकर नजर आएगा।



