Skip to content

कोतवाली पुलिस की त्वरित कार्रवाई से बड़ी राहत — लापता नाबालिग बालिका 24 घंटे के भीतर सकुशल बरामद

बालिका को बहला-फुसलाकर ले जाने वाला युवक गिरफ्तार, पॉक्सो एक्ट के तहत भेजा गया न्यायिक हिरासत में

नाबालिगों से जुड़े अपराधों पर जीरो टॉलरेंस, दोषियों पर होगी कठोरतम कार्रवाई — एसएसपी शशि मोहन सिंह

रायगढ़ | कोतवाली पुलिस रायगढ़ ने सतर्कता और संवेदनशीलता का परिचय देते हुए थानाक्षेत्र से लापता हुई नाबालिग बालिका को महज 24 घंटे के भीतर सुरक्षित दस्तयाब कर एक बड़ी सफलता हासिल की है। इस मामले में बालिका को बहला-फुसलाकर भगाने वाले युवक को गिरफ्तार कर पॉक्सो एक्ट सहित भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत जेल भेज दिया गया है।

घर से लापता होने की रिपोर्ट पर तुरंत सक्रिय हुई पुलिस

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 29 जनवरी को नाबालिग बालिका की मां ने थाना सिटी कोतवाली रायगढ़ में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उनकी बेटी 28 जनवरी की सुबह बिना बताए घर से चली गई है। परिजनों द्वारा आसपास, रिश्तेदारों और संभावित स्थानों पर तलाश के बावजूद बालिका का कोई सुराग नहीं मिल पाया। मामले में किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने की आशंका जताई गई।

रिपोर्ट के आधार पर थाना सिटी कोतवाली रायगढ़ में अपराध क्रमांक 34/2026, धारा 137(2) भारतीय न्याय संहिता के तहत मामला पंजीबद्ध कर जांच प्रारंभ की गई।

एसएसपी के निर्देश पर चली विशेष तलाश, आरोपी दबोचा गया

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने थाना प्रभारी कोतवाली को नाबालिग बालिका की शीघ्र पतासाजी के सख्त निर्देश दिए। निर्देश मिलते ही कोतवाली पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य, स्थानीय सूचना तंत्र और संभावित ठिकानों के आधार पर त्वरित कार्रवाई शुरू की।

पुलिस टीम ने चक्रधरनगर थाना क्षेत्र से बालिका को आरोपी आशीष चौहान पिता कमलेश चौहान, उम्र 19 वर्ष, निवासी रामभांठा रायगढ़ के कब्जे से सकुशल बरामद किया।

जांच में पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं

बालिका के कथन एवं चिकित्सकीय परीक्षण के आधार पर मामले में पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं। आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।

एसएसपी का कड़ा संदेश — बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने स्पष्ट शब्दों में कहा—
“नाबालिग बच्चों से जुड़े अपराध अत्यंत गंभीर हैं। ऐसे मामलों में किसी भी आरोपी को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। जिले में बच्चों की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है। नाबालिगों के साथ अपराध करने वालों के विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”

उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।

इन अधिकारियों की रही अहम भूमिका

इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक सुखनंदन पटेल, उप निरीक्षक दिलीप बेहरा एवं कोतवाली पुलिस स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।